बिहार में बहार है, क्योंकि मोहम्मद कैफ फरार है. नितीश सरकार शर्म करो.

528

शहाबुद्दीन, जो की आरजेडी के अतिमानननीय पूर्व सांसद है, वो अब जमानत पर जेल से बाहर आ गया है, बिहार में बहार है. शहाबुद्दीन कौन है ये बताने की जरुरत नहीं है. अगर शहाबुद्दीन को नहीं जानते, तो इस पोस्ट को मत पढ़ो, जाओ पोगो देखो.

source
source
%e0%a4%b8%e0%a5%80-%e0%a4%ac%e0%a4%be%e0%a4%a4-%e0%a4%b8%e0%a4%ae%e0%a4%9d-%e0%a4%a8%e0%a4%b9%e0%a5%80%e0%a4%82-%e0%a4%86%e0%a4%a4%e0%a5%80-27_130916-124657
source

हाँ तो बात ये है की शहाबुद्दीन अकेले में वो साम्राज्य है जो 11 साल जेल में रह के भी बाहर रहा. अंदर बस शहाबुद्दीन का शरीर था, उसकी पहुँच, उसका खौफ, उसका रुतबा जैसा था वैसा ही है. वो पिछले 11 साल से खुली हवा में गोलियां चला रहा था. जेल से निकलते ही लाखों की भीड़ और सेकड़ों गाड़ियों का मार्च ये साफ़ दर्शाता भी है. जेल में रहने के बाद भी शहाबुद्दीन का नाम दहशत और आतंक से जुड़ा रहा ये तो जानते ही होगे. ज्यादा पीछे नहीं जाते हैं इसी साल की एक घटना उठा लेते हैं. बिहार में पत्रकार राजदेव रंजन हत्या कांड पर, जांच एजेंसीज कि माने तो इसमें भी शहाबुद्दीन का हाथ था. क्यों था? ये कभी और बताएँगे. तो जांच एजेंसीज की माने तो शहाबुद्दीन ने अपना शार्प शूटर हाइर किया था पत्रकार को मरवाने के लिए. शूटर मोहम्मद कैफ. मोहम्मद कैफ वो आदमी है, जिसकी तलाश बिहार पुलिस तब से कर रही है, जब से इस केस में शहाबुद्दीन और कैफ का नाम आया है. लेकिन बताया तो था, बिहार में बहार है. पुलिस अंधी और लाचार है. आज तक खोज नहीं पायी. उस रोज भी नहीं देख पायी जिस रोज सब के सामने खड़ा अपने गुरुदेव के साथ फोटो खिचवा रहा था.

पुलिस का काम मीडिया ने कर दिया. अभी हाल में जब शहाबुद्दीन अपने 1300 गाड़ियों के रथ पर सवार मार्च करते हुए निकले थे, तभी कैमरे में कैफ मियां कैद हो गए. और अकेले नहीं शहाबुद्दीन के साथ. भव्य स्वागत वाले माहोल में शहाबुद्दीन को रिसीव करने आ गये थे, ध्यान नहीं रहा होगा. शहाबुद्दीन और मोहम्मद कैफ की ये तस्वीर ही काफी है ये बताने के लिए कि शहाबुद्दीन इस मामले में शामिल थे की नहीं.

source
source

खैर, पुलिस को कुछ दिखता नहीं है, वो क्या है न आजकल दारु बंद है तो दिमाग काम नहीं कर रहा सभी अफसरों का. सारे भाँग पी के भसियाए रहते हैं.

इन तस्वीरों में मोहम्मद कैफ को आसानी से पहचाना भी जा सकता है. सिवान के एसपी सौरभ साह को जब ये फोटो दिखाया गया, तो स्वीकारने से रोक नहीं पाए. खैर, तस्वीर तो मिल गयी है, सुराग भी मिल गया है. अब भी अगर मोहम्मद कैफ फरार है, तो सचमुच बिहार में बहार है.

अगली स्लाइड पर जाने के लिए next बटन पर क्लिक करें

loading...